, रायगढ़ – आज संत रामपाल जी महाराज जी की लोकप्रियता लोगों में दिन ब दिन बढ़ती जा रही है इसका मुख्य कारण है उनके समाज सुधार के कार्य जैसे समाज में फैले पाखंडवाद चोरी, जारी, मिलावट, भ्रष्टा चार, व्यभिचार, दहेज जैसी कुप्रथा को जड़ से उखाड़ फेंकना, बहेन बेटियो पर आए दिन हो रहे अपराध को रोकना संत रामपाल जी महाराज जी और उनके अनुयायियों का मुख्य उद्देश्य है, इसी उपरोक्त क्रम को मध्य नजर रखते हुए दिन रविवार को छत्तीसगढ़ के जिला रायगढ़ की कई तहसीले जैसे रायगढ़, पुसौर, लैलुंगा, खरसिया, धरमजयगढ में एक साथ आध्यात्मिक पुस्तको को घर – घर, गली – गली, चौराहों में जाकर संत जी के अनुयाइयों के द्वारा अध्यात्म के प्रति जागरूकता अभियान चलाया गया। उनका कहना है की यह पुस्तक हमारे पवित्र धार्मिक ग्रंथ श्रीमद्भागवत गीता, चार वेद, छः शास्त्र, अठारह पुराण, ग्यारह उपनिषद, के आधार पर संत रामपाल जी महाराज द्वारा अध्ययन करके लिखी गई है, संत जी के अनुयाइयों का मानना है की ज्ञान गंगा, जीने की राह, गीता तेरा ज्ञान अमृत पुस्तकों को समाज के लोग पढ़ेंगे तो निश्चित रूप से सभी बुराइयों से दूर होकर एक स्वच्छ निर्मल जीवन यापन करेगे। इन पुस्तकों को आज लाखो लोग पढ़ कर बुराइयों से निजात पाई है। संत रामपाल जी महाराज जी इन पुस्तकों को समाज में वितरित करवाने का मुख्य उद्देश्य यही है की विश्व में शांति स्थापित हो भाई चारा वा समाज में हर प्रकार से बुराई समाप्त करके सबको परमात्मा की सत भक्ती करवा कर सुखी बनाना तथा पूर्ण मोक्ष प्राप्ति करवाना ताकि मानव जीवन सफल हो सके, तो आप सभी से निवेदन है की आप भी पवित्र पुस्तकों को पढ़े और अपना जीवन सफल बनाएं।








More Stories
छत्तीसगढ़ मे 43 आईएएस अधिकारियो का ट्रांसफर,,,, सारंगढ़ कलेक्टर बदले गए || देखे पूरी सूची
बंगाल, असम और पुडुचेरी बीजेपी ने की बडी जीत हासिल, पवनी में कार्यकर्ताओं ने मनाया जश्न
सारंगढ़ बिलाईगढ़ जिला भाजपा की कामकाजी बैठक संपन्न